🟥 रंगदारी का नेटवर्क टूटा! राहुल सिंह गिरोह के 5 शूटर धराए, पिस्टल–कारतूस बरामद
Ranchi पुलिस ने रंगदारी और फायरिंग से जुड़े बड़े नेटवर्क पर करारी चोट करते हुए राहुल सिंह गिरोह के पांच अपराधियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से एक पिस्टल और कारतूस बरामद हुए हैं। जांच में खुलासा हुआ कि 4 फरवरी को मेसरा ओपी क्षेत्र स्थित एक गाड़ी शोरूम में हुई फायरिंग इसी गिरोह की साजिश थी। सूत्रों के मुताबिक, गिरोह ने शोरूम संचालक से एक करोड़ रुपये की रंगदारी मांगी थी। फायरिंग की जिम्मेदारी अमन ठाकुर नामक शूटर को दी गई थी, जबकि कटप्पा और रियांश सिंह उर्फ स्वतंत्र ने रेकी और लॉजिस्टिक्स संभाले। वारदात के बाद इस्तेमाल की गई बाइक का रंग बदलकर सबूत मिटाने की कोशिश की गई। पुलिस ने सदर इलाके के एक घर में छिपे आरोपियों को दबोच लिया। यह गिरफ्तारी बताती है कि रंगदारी अब सिर्फ धमकी नहीं, बल्कि संगठित अपराध की पूरी मशीन बन चुकी थी—जिसे पुलिस ने समय रहते जाम कर दिया।
🟥 शोरूम पर फायरिंग, बाइक का रंग बदला… लेकिन सुराग नहीं बदले: राहुल सिंह गैंग का पर्दाफाश
शहर में दहशत फैलाने के लिए शोरूम पर गोलियां चलीं, रंगदारी का अल्टीमेटम दिया गया और फरार होने के लिए बाइक का रंग बदल दिया गया—लेकिन पुलिस की तकनीकी जांच ने गिरोह की परतें खोल दीं। 4 फरवरी की घटना में शामिल एक आरोपी की पहचान होते ही कड़ी जुड़ती चली गई और राहुल सिंह गैंग के पांच सदस्य गिरफ्त में आ गए।
जांच एजेंसियों का कहना है कि गिरोह का टारगेट बड़ा कारोबार था। इसी कड़ी में Toyota शोरूम संचालक से एक करोड़ रुपये की मांग की गई। फायरिंग अमन ठाकुर ने की, जबकि करण उरांव, सिंटू सिंह, विशाल मुंडा और रामानंद कुमार ने सपोर्ट रोल निभाया।
सदर क्षेत्र के एक मकान से गिरफ्तारी और हथियारों की बरामदगी ने यह साफ कर दिया कि गिरोह की रणनीति ‘डर दिखाओ—पैसा वसूलो’ थी। सवाल है—क्या शहर के कारोबारियों को निशाना बनाने का यह नया ट्रेंड बनता जा रहा है?
Ranchi Extortion Case | Rahul Singh Gang Busted, 5 Arrested with Pistol & Bike Seized
In a major breakthrough in the Ranchi extortion case, police have busted the Rahul Singh gang and arrested five accused along with a pistol, cartridges, and the motorcycle used in the crime. The arrests are linked to the firing incident that took place on February 4 at a car showroom in the Mesra OP area. Investigations revealed that the gang had demanded an extortion amount of ₹1 crore from the showroom operator.
Police said the firing was carried out by shooter Aman Thakur, while Katappa and Riyansh Singh alias Swatantra played key roles in planning and logistics. After the incident, the gang attempted to change the color of the motorcycle to destroy evidence. The accused were hiding in a house in the Sadar area, where they were apprehended.
Those arrested include Amar Thakur, Karan Oraon, Sintu Singh, Vishal Munda, and Ramanand Kumar. Police believe the gang was targeting big businesses to spread fear and collect extortion money. Further investigation is underway to identify other associates.

