📰 विधायक बनाम वर्दी: बयान पर भड़का पुलिस परिवार, माफी नहीं तो आंदोलन तय
बोकारो जिला में सियासी बयान और वर्दी की गरिमा आमने-सामने आ गई है। पूर्व पार्षद रमाशंकर से जुड़े पिटाई मामले पर विधायक श्वेता सिंह के पुलिस-विरोधी बयान को लेकर बोकारो पुलिस परिवार की तीनों इकाइयाँ—पुलिस एसोसिएशन, पुलिस मेंस एसोसिएशन और चतुर्थवर्गीय एसोसिएशन—एकजुट हो गई हैं। सेक्टर-4 मैप में हुई बैठक में साफ कहा गया कि यदि विधायक ने अपना बयान वापस लेकर माफी नहीं मांगी, तो विरोध तेज किया जाएगा।
एसोसिएशनों का आरोप है कि वरिष्ठ अधिकारियों और वर्दी पर की गई टिप्पणियाँ मनोबल तोड़ने वाली हैं। उन्होंने याद दिलाया कि नगर निकाय चुनाव-2026 के दौरान वार्ड-32 मतदान केंद्र पर कानून-व्यवस्था बनाए रखते हुए एसडीपीओ घायल हुए थे। पुलिस परिवार का कहना है कि अपराध नियंत्रण में बेहतर प्रदर्शन के बीच ऐसे बयान गलत संदेश देते हैं।
📰 गरिमा पर वार या राजनीति का दांव? पुलिस संघों का अल्टीमेटम, बयान वापस लो
पुलिस परिवार ने विधायक के बयान को “वर्दी की गरिमा पर सीधा प्रहार” बताया है। तीनों संगठनों ने संयुक्त रूप से मांग की कि आरोपात्मक टिप्पणी तत्काल वापस ली जाए। उनका तर्क है कि चुनावी ड्यूटी के दौरान अभद्रता और हाथापाई की घटनाएँ दर्ज हैं, जिनमें एक वरिष्ठ अधिकारी घायल हुए—फिर भी पुलिस ने संयम रखा।
पदाधिकारियों ने कहा कि एसपी हरविंदर सिंह के नेतृत्व में कानून-व्यवस्था और अपराध नियंत्रण में निरंतर सुधार हुआ है, इसलिए पूरे तंत्र को कटघरे में खड़ा करना अन्यायपूर्ण है। बैठक में यह भी तय हुआ कि यदि माफी नहीं आई, तो आगे की रणनीति—प्रदर्शन से लेकर कानूनी विकल्प—पर विचार किया जाएगा। इस टकराव ने शहर की राजनीति में नई गर्मी भर दी है और सबकी निगाहें विधायक के अगले कदम पर टिकी हैं।


