🟥 “शैक्षणिक भ्रमण बना मौत का सफर: NH-319 पर बस को अज्ञात वाहन ने मारी टक्कर, दो शिक्षकों की मौत”
बिहार के रोहतास जिले में गुरुवार को एक दर्दनाक सड़क हादसे ने शिक्षा जगत को झकझोर दिया। सोहसा के पास NH-319 पर एक शैक्षणिक भ्रमण पर जा रही बस को अज्ञात वाहन ने जोरदार टक्कर मार दी। हादसे में दो शिक्षकों की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि 5 शिक्षक और 11 छात्र घायल हो गए। जानकारी के अनुसार, यह बस मध्य विद्यालय बढ़ौना, अंचल चैनपुर, जिला कैमूर से पटना की ओर जा रही थी।
प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि टक्कर इतनी तेज थी कि बस का अगला हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। पुलिस ने तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू कर घायलों को अस्पताल पहुंचाया। शवों को सदर अस्पताल सासाराम भेजा गया है। यह हादसा कई सवाल खड़े करता है—क्या राष्ट्रीय राजमार्गों पर अज्ञात वाहनों की लापरवाही थम पाएगी, या यूं ही मासूम बच्चों की यात्राएं हादसों में बदलती रहेंगी?
🟥 “बच्चों की हंसी पल भर में चीखों में बदली: शैक्षणिक बस हादसे में शिक्षक शहीद, 16 घायल”
रोहतास जिले के परसथुआ थाना क्षेत्र में हुए इस सड़क हादसे ने पूरे इलाके को गमगीन कर दिया। NH-319 पर सोहसा के समीप एक अज्ञात वाहन ने बस को टक्कर मार दी, जिसमें दो शिक्षकों की मौत हो गई। बस में कुल 36 छात्र, 7 शिक्षक और एक अभिभावक सवार थे। हादसे के वक्त बच्चे पटना भ्रमण के सपने संजोए बैठे थे, लेकिन अचानक हुए इस टकराव ने खुशियों को मातम में बदल दिया।
रोहतास एसपी रौशन कुमार ने पुष्टि की कि घायलों का इलाज जारी है और दुर्घटना की जांच की जा रही है। पुलिस की त्वरित कार्रवाई से कई बच्चों की जान बचाई जा सकी। सवाल यह है कि राष्ट्रीय राजमार्ग पर अज्ञात वाहन फरार कैसे हो गया? क्या CCTV और ट्रैफिक निगरानी केवल नाम की है? प्रशासनिक जांच के साथ अब पीड़ित परिवार न्याय की राह देख रहे हैं।


